हाई कोर्ट के निर्देश के बाद प्रशासन ने तुरंत कार्रवाई की:
- अतिक्रमणकर्ताओं को नोटिस जारी किए गए।
- कई अवैध दुकानों, अस्थायी संरचनाओं और अतिक्रमित हिस्सों को हटाया गया।
- वार्डों और मुख्य रास्तों के आसपास की जगहें खाली कराई गईं।
- परिसर में सुरक्षा और निगरानी बढ़ाने की प्रक्रिया शुरू की गई।
प्रशासन ने यह भी स्पष्ट किया कि आने वाले समय में किसी भी प्रकार का नया अतिक्रमण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
📢 क्यों महत्वपूर्ण है यह कार्रवाई?
- RIMS झारखंड का सबसे बड़ा सरकारी मेडिकल संस्थान है।
- यहाँ रोज़ाना हजारों मरीज इलाज के लिए आते हैं।
- अतिक्रमण के कारण एम्बुलेंस मूवमेंट, मरीजों की सुविधा और अस्पताल की सेवाएँ प्रभावित हो रही थीं।
इस कार्रवाई से उम्मीद है कि RIMS परिसर अब अधिक सुव्यवस्थित, सुरक्षित और मरीज-हितैषी वातावरण प्रदान करेगा।






