नई दिल्ली:
बांग्लादेश में पढ़ाई कर रहे भारतीय मेडिकल छात्र गंभीर संकट में बताए जा रहे हैं। वहां रह रहे छात्रों की खराब परिस्थितियों, सुरक्षा चिंताओं और शैक्षणिक अनिश्चितता को लेकर एक प्रमुख मेडिकल संस्था ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से तत्काल हस्तक्षेप की अपील की है।
📌 छात्रों की परेशानी क्या है?
सूत्रों के अनुसार बांग्लादेश में अध्ययनरत भारतीय छात्रों को
- सुरक्षा संबंधी खतरे
- हॉस्टल और भोजन की खराब व्यवस्था
- शैक्षणिक गतिविधियों में बाधा
- मानसिक तनाव और असुरक्षा
जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। कई छात्रों ने खुद को “डिस्ट्रेस्ड” (गंभीर तनाव में) बताया है।
🏥 मेडिकल संस्था की मांग
भारतीय मेडिकल संस्था ने केंद्र सरकार से मांग की है कि
- बांग्लादेश सरकार से राजनयिक स्तर पर बातचीत की जाए
- छात्रों की सुरक्षा और पढ़ाई सुनिश्चित की जाए
- जरूरत पड़ने पर छात्रों को भारत वापस लाने की व्यवस्था की जाए
🗣️ अभिभावकों की चिंता
छात्रों के अभिभावकों का कहना है कि वे
- बच्चों की सुरक्षा को लेकर बेहद चिंतित हैं
- लगातार सरकार से मदद की गुहार लगा रहे हैं
- जल्द ठोस कदम उठाए जाने की उम्मीद कर रहे हैं
🌍 विदेश मंत्रालय पर नजर
मामले के सामने आने के बाद अब सभी की नजरें
विदेश मंत्रालय (MEA) और प्रधानमंत्री कार्यालय पर टिकी हैं कि वे भारतीय छात्रों की सुरक्षा के लिए क्या कदम उठाते हैं।
📣 बड़ा सवाल
यह मामला एक बार फिर विदेशों में पढ़ाई कर रहे
भारतीय छात्रों की सुरक्षा और अधिकारों पर गंभीर सवाल खड़े करता है।




